by।अविनाश वाधवा
तिल्दा-नेवरा।शहर में इन दिनों अपराध और नशे का कारोबार तेजी से पैर पसार रहा है। गली–मोहल्लों से लेकर मुख्य चौक-चौराहों तक अवैध गतिविधियों का सिलसिला लगातार जारी है। स्थानीय लोगों का कहना है कि नशे और गुंडागर्दी का यह बढ़ता कारोबार पुलिस-प्रशासन की लापरवाही का नतीजा है।
नशे का जाल
सुबह होते ही वार्डों में अवैध शराब की बिक्री शुरू हो जाती है। इसके साथ ही सट्टेबाजी और गांजे की सप्लाई खुलेआम चल रही है। हाल ही में नशे की गोलियों की बिक्री का मामला भी सामने आया है, जिनके सेवन से युवक पूरी तरह बेहोशी की हालत में पहुँच जाते हैं।
सट्टा बाजार बेखौफ
तिल्दा ओवरब्रिज के नीचे खुलेआम सट्टे का धंधा चलता है। नागरिकों का कहना है कि शहर के कई अन्य इलाकों में भी यह कारोबार फल-फूल रहा है। लोगों का आरोप है कि इसमें कुछ प्रभावशाली नाम भी शामिल हैं, जिन्हें प्रशासन का संरक्षण हासिल है।
पुलिस की कार्यवाही पर सवाल
नागरिकों का आरोप है कि पुलिस को इन सबकी जानकारी होने के बावजूद बड़ी मछलियों पर हाथ नहीं डाला जाता। कार्रवाई सिर्फ छोटे-मोटे व्यक्तियों तक सीमित रहती है। नतीजा यह है कि अपराधियों का हौसला दिन-ब-दिन बढ़ रहा है।
जनता में आक्रोश
लगातार बढ़ रही घटनाओं से आम जनता में भय और असुरक्षा की भावना गहराती जा रही है। लोग मांग कर रहे हैं कि प्रशासन और पुलिस मिलकर बड़े स्तर पर कार्रवाई करें, ताकि शहर की शांति और कानून व्यवस्था फिर से कायम हो सके।

